स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर दिल्ली स्थित हिंदू महासभा के केंद्रीय कार्यालय में एक भव्य कार्यक्रम का आयोजन हुआ, जिसमें हिंदू महासभा के राष्ट्रीय अध्यक्ष स्वामी चक्रपाणि महाराज ने ध्वजारोहण किया। इस अवसर पर उन्होंने स्वतंत्रता संग्राम में क्रांतिकारियों और हिंदू महासभा के योगदान को याद किया। उन्होंने कहा कि देश की आज़ादी लाखों बलिदानों का परिणाम है, जिसे हमें कभी भुलाना नहीं चाहिए।
स्वामी चक्रपाणि महाराज ने वीर सावरकर, चंद्रशेखर आज़ाद, भगत सिंह सहित अनेक महापुरुषों के राष्ट्रहित में दिए गए सर्वोच्च बलिदानों का स्मरण किया। उन्होंने स्पष्ट किया कि हिंदू महासभा ने स्वतंत्रता आंदोलन में एक अहम भूमिका निभाई थी और आज हमें उस विरासत को संभालने की जिम्मेदारी है।
अपने संबोधन में उन्होंने कहा कि स्वतंत्रता दिवस केवल उत्सव का दिन नहीं, बल्कि आत्मचिंतन का अवसर भी है। यह समय है कि हम अपने कर्तव्यों और राष्ट्र के प्रति जिम्मेदारियों को याद करें। उन्होंने युवाओं से आह्वान किया कि वे राष्ट्र निर्माण में सक्रिय भूमिका निभाएं और भारतीय संस्कृति, परंपराओं व मूल्यों की रक्षा के लिए हमेशा तत्पर रहें।
इस मौके पर विभिन्न धर्माचार्य, हिंदू कार्यकर्ता और गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे। सभी ने तिरंगे को सलामी दी, राष्ट्रगान गाया और वंदे मातरम् के सामूहिक गान के साथ कार्यक्रम का समापन किया।

